PM Kisan Yojana की 22वीं किस्त 13 मार्च 2026 को गुवाहाटी से जारी हुई थी, जिसमें 9.32 करोड़ किसानों के खाते में 18,640 करोड़ रुपये पहुंचे थे। ठीक तीन महीने बाद, 20 जून 2026 को सरकार ने अगला बड़ा कदम उठाते हुए 23वीं किस्त जारी कर दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल के हुगली जिले स्थित तारकेश्वर से इस किस्त को रिलीज किया, जिसमें देशभर के 9.44 करोड़ किसान परिवारों के खातों में सीधे 18,880 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए गए। खरीफ सीजन के बीच आई यह राशि किसानों के लिए बीज, खाद और सिंचाई जैसी जरूरतों में काम आएगी। ध्यान देने वाली बात यह है कि इस बार महिला किसानों की भागीदारी भी रिकॉर्ड स्तर पर रही।
23वीं किस्त की पूरी जानकारी एक नजर में
वैसे देखा जाए तो यह किस्त पीएम किसान योजना के इतिहास में अब तक की सबसे बड़ी किस्तों में शामिल है। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक इस बार 2.18 करोड़ महिला किसान भी लाभार्थियों में शामिल रहीं, जो योजना में महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक बड़ा संकेत है। इस किस्त के जारी होने के साथ ही फरवरी 2019 में योजना शुरू होने से अब तक कुल वितरित राशि 4.46 लाख करोड़ रुपये के पार पहुंच गई है। यह आंकड़ा बताता है कि यह योजना अब दुनिया की सबसे बड़ी डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर योजनाओं में शुमार हो चुकी है।
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| किस्त संख्या | 23वीं किस्त |
| जारी होने की तारीख | 20 जून 2026 |
| जारी स्थान | तारकेश्वर, हुगली, पश्चिम बंगाल |
| किस्त की राशि | ₹2,000 प्रति किसान |
| कुल ट्रांसफर राशि | ₹18,880 करोड़ |
| लाभार्थी किसान | 9.44 करोड़ से अधिक |
| महिला किसान लाभार्थी | 2.18 करोड़ से अधिक |
| कुल संचित राशि (2019 से अब तक) | ₹4.46 लाख करोड़ से अधिक |
| ट्रांसफर माध्यम | DBT (Direct Benefit Transfer) |
| आधिकारिक वेबसाइट | pmkisan.gov.in |
किस्त के साथ किन नई योजनाओं का हुआ शुभारंभ
किस्त ट्रांसफर के साथ ही प्रधानमंत्री ने पश्चिम बंगाल में कई बड़ी कृषि योजनाओं की शुरुआत भी की। इनमें प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) और रिस्ट्रक्चर्ड वेदर बेस्ड क्रॉप इंश्योरेंस स्कीम (RWBCIS) शामिल हैं, जिनसे राज्य के लगभग 1.10 करोड़ किसानों को साल 2026-27 में करीब 30 लाख हेक्टेयर खेती की जमीन पर बीमा सुरक्षा मिलेगी। आप समझ सकते हैं कि खेती में अनिश्चित मौसम के बीच बीमा सुरक्षा कितनी जरूरी हो जाती है, और यही वजह है कि सरकार ने इसे प्राथमिकता पर रखा। इसके अलावा डिजिटल एग्रीकल्चर मिशन के तहत एग्री स्टैक, नेचुरल फार्मिंग मिशन और प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना (PMDDKY) को भी इस मौके पर लॉन्च किया गया। दिलचस्प बात यह रही कि 20 जून का दिन पश्चिम बंगाल स्थापना दिवस के तौर पर भी मनाया गया, जिससे यह कार्यक्रम राज्य के लिए और खास बन गया।
पश्चिम बंगाल और गुजरात के किसानों को कितना फायदा
राज्यवार आंकड़ों पर नजर डालें तो पश्चिम बंगाल को इस किस्त से सबसे ज्यादा फायदा मिलता दिख रहा है। राज्य के 45.35 लाख किसानों के खातों में 907.21 करोड़ रुपये पहुंचे, जिससे योजना शुरू होने के बाद से बंगाल में कुल वितरित राशि 15,055 करोड़ रुपये के पार चली गई है। इसी तरह गुजरात में भी 51.28 लाख किसानों को 1,025 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि मिली। गुजरात में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल की अध्यक्षता में गांधीनगर के टाउन हॉल में राज्यस्तरीय “पीएम किसान उत्सव दिवस” कार्यक्रम भी आयोजित किया गया, जिसमें कृषि मंत्री जीतू वघानी भी मौजूद रहे।
किन किसानों की 23वीं किस्त रुक सकती है
सीधी बात करें तो हर किस्त की तरह इस बार भी कुछ किसानों का पैसा जरूरी शर्तें पूरी न होने पर अटक सकता है। नीचे दी गई वजहों पर खास ध्यान दें:
- e-KYC पूरी नहीं होना — बिना e-KYC के पैसा बिल्कुल नहीं आएगा।
- आधार सिर्फ बैंक खाते से लिंक होना काफी नहीं — NPCI मैपर में सीडिंग जरूरी है, जो अलग प्रक्रिया है।
- भूमि रिकॉर्ड पोर्टल पर अपडेट या वेरिफाई न होना।
- उत्तर प्रदेश समेत 14 राज्यों में अब AgriStack के तहत Farmer ID बनना अनिवार्य हो गया है, बिना इसके आगे की किस्तें रुक सकती हैं।
- अपात्र श्रेणी में आना — सरकारी कर्मचारी, आयकरदाता, संस्थागत भूमिधारक इस योजना के लिए पात्र नहीं हैं।
हेल्पलाइन नंबर
किस्त न आने, e-KYC या रजिस्ट्रेशन से जुड़ी किसी भी समस्या के लिए किसान इन नंबरों पर संपर्क कर सकते हैं — 155261, 011-24300606 या ईमेल pmkisan-ict@gov.in पर लिख सकते हैं।
e-KYC कैसे करें
- सबसे पहले pmkisan.gov.in पर जाएं।
- होमपेज पर “e-KYC” विकल्प पर क्लिक करें।
- अपना आधार नंबर दर्ज करें और Search पर क्लिक करें।
- रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आया OTP भरें।
- Submit करें — e-KYC की प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।
घर बैठे ऐसे देखें अपना Beneficiary Status
- सबसे पहले pmkisan.gov.in पर जाएं।
- होमपेज पर “Beneficiary Status” विकल्प पर क्लिक करें।
- अपना आधार नंबर, मोबाइल नंबर या Registration Number दर्ज करें।
- स्क्रीन पर दिख रहा Captcha Code भरें।
- “Get Data” पर क्लिक करें — किस्त की पूरी जानकारी सामने आ जाएगी।
| विवरण | लिंक |
|---|---|
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